
भारत सरकार ने विद्युत अधिनियम 2003 में संशोधन का प्रस्ताव रखा है। विद्युत संशोधन विधेयक 2025 के तहत बिजली वितरण और मूल्य निर्धारण प्रणाली में व्यापक सुधार की योजना है। यह कदम बिजली क्षेत्र की वित्तीय स्थिति को सुधारने और प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से उठाया गया है।
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मुख्य प्रस्तावित बदलाव
स्वतंत्र टैरिफ निर्धारण की शक्ति
राज्य विद्युत नियामक आयोगों को suo motu टैरिफ तय करने की शक्ति दी जाएगी।
इससे टैरिफ याचिकाओं की देरी से बचा जा सकेगा।
हर साल 1 अप्रैल से संशोधित टैरिफ लागू करने का लक्ष्य है।
औद्योगिक क्रॉस-सब्सिडी का चरणबद्ध अंत
उद्योगों पर क्रॉस-सब्सिडी का बोझ कम करने की योजना है।
पांच वर्षों में उत्पादन इकाइयों, रेलवे और मेट्रो को इससे मुक्त किया जाएगा।
इससे MSME क्षेत्र की प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ेगी और लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी।
वित्तीय संकट और सुधार की आवश्यकता
बिजली वितरण क्षेत्र पर ₹6.9 लाख करोड़ से अधिक का घाटा है।
वित्तीय अनुशासन लाने के लिए वार्षिक टैरिफ संशोधन अनिवार्य किया गया है।
राज्य सरकारें पूर्व-निर्धारित सब्सिडी जारी रख सकेंगी।
वितरण नेटवर्क में प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा
अब एक ही क्षेत्र में कई वितरण कंपनियां साझा नेटवर्क के माध्यम से बिजली आपूर्ति कर सकेंगी।
इससे अतिरिक्त ढांचे की आवश्यकता समाप्त होगी और प्रवेश बाधाएं कम होंगी।
न्यायिक प्रक्रिया में सुधार
- APTEL के सदस्यों की संख्या 3 से बढ़ाकर 7 की जाएगी।
- सितंबर 2024 तक 2,628 मामले लंबित हैं।
- प्रत्येक मामले के निपटारे के लिए 120 दिन की समयसीमा तय की गई है।
नवीकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा
Central Electricity Regulatory Commission को बाजार आधारित उपकरण शुरू करने की शक्ति दी जाएगी।
इससे नवीकरणीय क्षमता में तेजी आएगी और निवेश आकर्षित होगा।
नीति समन्वय के लिए विद्युत परिषद
एक Electricity Council का गठन होगा जिसकी अध्यक्षता केंद्रीय विद्युत मंत्री करेंगे।
यह परिषद नीतिगत सलाह और सुधारों के समन्वय का कार्य करेगी।
स्टेकहोल्डर्स से सुझाव आमंत्रित
ऊर्जा मंत्रालय ने सभी हितधारकों से 30 दिनों के भीतर सुझाव मांगे हैं।
टिप्पणियां 10 नवंबर 2025 तक भेजी जा सकती हैं।
निष्कर्ष
विद्युत संशोधन विधेयक 2025 से भारत के बिजली क्षेत्र में वित्तीय अनुशासन, प्रतिस्पर्धा और पारदर्शिता को बढ़ावा मिलेगा।
यह कदम औद्योगिक विकास और नवीकरणीय ऊर्जा को गति देने में सहायक सिद्ध हो सकता है।
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